ऐसी महिलाओं में कम होता है Heart Attack का खतरा, दिल रहता है स्वस्थ- एक अध्ययन में हुआ खुलासा
एक अध्ययन में पता लगा है कि देर से शुरू होने वाले पीरियड्स समूह में केवल 24 प्रतिशत महिलाओं में दिल से जुड़ी बीमारी के लक्षण थे। वहीं दूसरी तरफ सामान्य शुरुआत समूह की महिलाओं में 51 प्रतिशत दिल की बीमारियों के लक्षण पाए गए है। अध्ययन में पता लगा है कि जो महिलाएं 55 वर्ष या फिर इसके बाद मासिक धर्म बंद कर देती हैं उनको दिल के दौरे की संभावना कम हो जाती है।
महिलाओ में मासिक धर्म हमेशा के लिए बंद हो जाना दिल के स्वास्थ के लिए अच्छा -अध्ययन।
आज तक के अनेक अध्ययन में यह पाया गया था कि महिलाओं को पुरुषों की अपेक्षा में हार्ट अटैक कम होते हैं। मगर अब एक और नई स्टडी में यह बात पता लगी है कि जिन महिलाओं का मासिक धर्म बंद हो जाते है उनमें दिल से जुड़ी बीमारियां होने की संभावना कम हो जाती है। उन महिलाओ की रक्त वाहिकाएं स्वस्थ रहती हैं। इस वजह से उनमें हृदय रोग का खतरा कम हो जाता है।
एक अध्ययन में पता लगा है कि इन महिलाओं का दिल स्वस्थ रहता है एवं उनमें हृदय (हार्ट) से जुड़ी बीमारियां होने का खतरा कम हो जाता है। वैसे बता दें कि जब किसी भी महिला का मासिक धर्म हमेशा के लिए बंद हो जाता है, तो इसको रजोनिवृत्ति कहते हैं। ये एक प्राकृतिक प्रक्रिया है, रजोनिवृत्ति से पहले के संक्रमण चरण को पेरिमेनोपॉज़ बोला जाता है।
क्या कहता है अध्ययन ?
महिलाओं को उनके जीवन के अधिकांश समय में पुरुषों की अपेक्षा दिल का दौरा अथवा स्ट्रोक से मरने की संभावना कम रहती है, मगर एक अध्ययन से पता चला है कि Periods समाप्त होने के बाद उनका जोखिम बढ़ जाता है एवं पुरुष जोखिम से आगे निकल जाता है।
अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन जर्नल सर्कुलेशन रिसर्च में प्रकाशित शोध इस बात की नई जानकारी देता है कि जो महिलाएं 54-55 वर्ष अथवा इसके बाद मासिक धर्म बंद कर देती हैं, उन्हें पीरियड्स के बाद के वर्षों में दिल के दौरे और स्ट्रोक होने की संभावना बहुत कम रहती है।
दिल की बीमारियों का खतरा रहता है कम
विश्वविद्यालय में इंटीग्रेटिव फिजियोलॉजी विभाग में पीएचडी करने वाली सना दरविश बताती हैं कि हमारा अध्ययन बताता है कि रजोनिवृत्ति की देर से शुरुआत के वास्तव में एक शारीरिक लाभ है एवं इन लाभों को चलाने वाले विशेष तंत्रों की पहचान करने वाले पहले अध्ययनों में इसका पता चला है। उन्होंने कहा कि शोधकर्ताओं के निष्कर्ष हृदय रोग के खतरे को कम करने हेतु आहार संबंधी हस्तक्षेप सहित नए उपचारों को जन्म देने में सहायता कर सकते हैं – जो महिलाओं के लिए बहुत नुकसानदेह हो सकते हैं।
91 महिलाओं पर किया गया शोध
एक टीम ने अमेरिका में 92 महिलाओं के संवहनी स्वास्थ्य की जांच की। खास तौर से ब्रेकियल धमनी प्रवाह-मध्यस्थ फैलाव (एफएमडी) नाम का एक उपाय को देखते हुए या उनकी ब्रेकियल धमनी ऊपरी बांह में मुख्य रक्त वाहिका एवं रक्त प्रवाह में बढ़ोतरी के साथ कितनी अच्छी तरह फैल जाती है। इस बात की जांच की कराई गई। परिणामो से पता लगा कि सभी पोस्टमेनोपॉज़ल महिलाओं की धमनियां उनके प्रीमेनोपॉज़ल समकक्षों की अपेक्षा बहुत खराब थीं।
यह निकला निष्कर्ष
शोधकर्ताओं ने कहा कि जिस वक्त पीरियड आते हैं तो सेहत में उम्र से संबंधित गिरावट तेज होती है। वरिष्ठ लेखक मैथ्यू रॉसमैन ने बताया कि देर से पीरियड का अनुभव करने वाली 12 प्रतिशत या फिर उससे ज्यादा महिलाएं इस प्रभाव से कुछ हद तक सुरक्षित रहती हैं।